हाथी के हमले में ग्रामीण की मौत, आक्रोशित ग्रामीणों ने शव रखकर किया चक्काजाम

सूरजपुर। जिले में हाथियों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। बीती रात प्रतापपुर वन परिक्षेत्र के सारसताल गांव में हाथियों के दल से बिछड़ा एक हाथी गांव में घुस आया और एक ग्रामीण को कुचलकर मार डाला। इस घटना से गुस्साए ग्रामीणों ने बोझा मार्ग पर शव रखकर चक्काजाम कर दिया। ग्रामीणों ने मृतक के परिवार को मुआवजा और नौकरी देने की मांग की।
जानकारी के अनुसार, गांव में लाइट न होने के कारण मृतक ने हाथी की आवाज सुनकर घर से बाहर कदम रखा, तभी हाथी से उसका सामना हो गया। हाथी ने मौके पर ही उसे कुचलकर मौत के घाट उतार दिया। घटना के बाद ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। ग्रामीणों ने वन विभाग और बिजली विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जमकर प्रदर्शन किया।
घटना की सूचना मिलते ही प्रतापपुर जनपद पंचायत अध्यक्ष जगत आयाम मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारी ग्रामीणों का समर्थन किया। वहीं, प्रतापपुर एसडीएम, पुलिस और वन विभाग की टीम मौके पर पहुंचकर लोगों को समझाइश देने में जुटी।
ग्रामीणों का आरोप है कि वन विभाग की लापरवाही के चलते लगातार हाथियों का आतंक बढ़ रहा है, जिससे ग्रामीणों की जान जा रही है। वहीं, बिजली विभाग की लचर व्यवस्था पर भी नाराजगी जताई गई। ग्रामीणों ने कहा कि लगातार बिजली कटौती से गांव अंधेरे में डूबा रहता है, जिसके कारण ऐसी घटनाएं हो रही हैं।
एसडीएम ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि बिजली विभाग के अधिकारियों को बुलाकर इस समस्या का समाधान किया जाएगा और बिजली कटौती पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों के आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने चक्काजाम समाप्त किया।




